रायपुर । आज राजधानी के दवा कारोबार से जुड़े व्यापारियों ने ई-फार्मेसी प्लेटफॉर्म्स के विरोध में 24 घंटे की देशव्यापी हड़ताल का समर्थन किया। ‘ऑल इंडिया ऑर्गेनाइजेशन ऑफ केमिस्ट्स एंड ड्रगिस्ट्स’ (AIOCD) के आह्वान पर देशभर के करीब 15 लाख केमिस्ट और ड्रगिस्ट दुकानें बंद रखेंगे। संगठन का आरोप है कि ऑनलाइन दवा कंपनियां भारी डिस्काउंट देकर पारंपरिक मेडिकल स्टोर्स के कारोबार को प्रभावित कर रही हैं, जिससे मरीजों की सुरक्षा पर भी खतरा बढ़ सकता है।
AIOCD के राष्ट्रीय अध्यक्ष जे.एस. शिंदे और महासचिव राजीव सिंघल ने कहा कि सरकार की नीतियां खुदरा दवा व्यापारियों के हितों के खिलाफ हैं। संगठन ने तीन प्रमुख मांगें रखी हैं, जिनमें ऑनलाइन दवा बिक्री से जुड़ी GSR 817 अधिसूचना को रद्द करना, कोरोना काल में लागू GSR 220 नियम खत्म करना और ई-फार्मेसी कंपनियों की डीप डिस्काउंटिंग पर रोक लगाना शामिल है। हालांकि, मरीजों को परेशानी न हो इसके लिए आपातकालीन दवाओं की आपूर्ति जारी रखने की व्यवस्था की गई है।







