कार्तिक आर्यन के लिए यह समय बेहद खास है। ‘चंदू चैंपियन’ में अपनी दमदार अदाकारी के लिए सर्वश्रेष्ठ अभिनेता का राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार हासिल करने के बाद एक्टर सीधे भगवान गणेश का आशीर्वाद लेने पहुंचे।
मुंबई के प्रसिद्ध लालबागचा राजा के दर्शन के दौरान कार्तिक अपने साथ वह राष्ट्रीय पुरस्कार भी लेकर पहुंचे, जिसे उन्होंने हाल ही में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के हाथों ग्रहण किया था। बप्पा के दरबार में उन्होंने पुरस्कार को भगवान गणेश के चरणों में रखा और प्रार्थना की।
बप्पा के चरणों में रखा नेशनल अवॉर्ड
सोशल मीडिया पर सामने आए वीडियो में कार्तिक आर्यन लालबागचा राजा के सामने खड़े नजर आ रहे हैं। इस दौरान उन्होंने अपने हाथ में मौजूद राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार को बप्पा के चरणों में रखा। इसके बाद उन्होंने हाथ जोड़कर प्रार्थना की और सिर झुकाकर गणपति बप्पा का आशीर्वाद लिया।
इस खास मौके पर कार्तिक के चेहरे पर खुशी और भावुकता साफ नजर आई। लालबागचा राजा के दर्शन के लिए कार्तिक ने बेहद सादगी भरा लुक चुना। वह नीले रंग के कुर्ते और सफेद पायजामे में नजर आए। राष्ट्रीय पुरस्कार मिलने के तुरंत बाद गणपति बप्पा के दरबार में पहुंचने का यह अंदाज फैंस को भी काफी पसंद आया।
बोले- पूरे परिवार के लिए खुशी का पल
दर्शन के बाद कार्तिक ने इस खास मौके को लेकर अपनी खुशी भी जाहिर की। उन्होंने बताया कि राष्ट्रीय पुरस्कार मिलना उनके साथ-साथ पूरे परिवार के लिए बेहद भावुक और खुशी का पल है। एक्टर ने कहा कि वह बप्पा का आशीर्वाद लेने आए हैं
और पुरस्कार मिलने के बाद लालबागचा राजा के दर्शन करना उनके लिए बहुत खास महसूस हो रहा है। कार्तिक के लिए यह उपलब्धि इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि राष्ट्रीय पुरस्कार उनके लंबे फिल्मी सफर में एक बड़ी उपलब्धि के तौर पर सामने आया है। छोटे शहर से निकलकर बॉलीवुड में अपनी जगह बनाने वाले कार्तिक ने कई फिल्मों में अलग-अलग तरह के किरदार निभाए हैं।
‘चंदू चैंपियन’ के लिए मिला सम्मान
कार्तिक आर्यन को साल 2024 में रिलीज हुई स्पोर्ट्स बायोपिक ‘चंदू चैंपियन’ के लिए सर्वश्रेष्ठ अभिनेता का राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार मिला है। फिल्म में उन्होंने भारत के पैरालंपिक गोल्ड मेडलिस्ट मुरलीकांत पेटकर का किरदार निभाया था।
इस भूमिका के लिए कार्तिक ने अपने लुक और शारीरिक बदलाव पर भी काफी मेहनत की थी। राष्ट्रीय पुरस्कार समारोह के दौरान कार्तिक राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से सम्मान हासिल करते नजर आए। पुरस्कार मिलने के बाद उन्होंने सोशल मीडिया पर समारोह की तस्वीरों और वीडियो की झलक साझा करते हुए अपनी भावनाएं भी व्यक्त कीं।
ग्वालियर के उस लड़के से नेशनल अवॉर्ड तक का सफर
अवार्ड मिलने के बाद कार्तिक ने अपने सोशल मीडिया पोस्ट में अपने पुराने दिनों को याद किया। उन्होंने ग्वालियर के उस लड़के का जिक्र किया, जिसने छोटे शहर के माहौल से निकलकर अभिनेता बनने का सपना देखा था। कार्तिक ने बताया कि जिस माहौल में फिल्मों में करियर बनाने जैसे सपनों को लेकर लोग मजाक कर सकते थे, वहीं से उन्होंने अपने सपने को आगे बढ़ाने की हिम्मत की।
एक्टर ने अपनी इस उपलब्धि का श्रेय फिल्म के निर्देशक कबीर खान और निर्माता साजिद नाडियाडवाला को भी दिया। उन्होंने कहा कि मुरलीकांत पेटकर जैसे देश के पहले पैरालंपिक गोल्ड चैंपियन का किरदार निभाने की जिम्मेदारी सौंपने के लिए वह दोनों के हमेशा आभारी रहेंगे।
‘चंदू नहीं, चैंपियन हूं मैं’
कार्तिक ने अपने पोस्ट में फिल्म के चर्चित डायलॉग ‘चंदू नहीं, चैंपियन हूं मैं’ का भी जिक्र किया। राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार मिलने के बाद उनका यह वाक्य उनकी पूरी यात्रा के संदर्भ में और खास बन गया है। उन्होंने अपनी सफलता के पीछे मेहनत, समर्पण और लगातार आगे बढ़ने की कोशिश को अहम बताया।
अब राष्ट्रीय सम्मान हासिल करने के बाद बप्पा के दरबार में पहुंचकर कार्तिक ने इस उपलब्धि को आशीर्वाद से जोड़ दिया है। लालबागचा राजा के चरणों में नेशनल अवॉर्ड रखने की उनकी तस्वीर और वीडियो सोशल मीडिया पर चर्चा में हैं। फैंस भी उन्हें इस बड़ी उपलब्धि के लिए लगातार बधाई दे रहे हैं।







